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छात्र आंदोलन के बीच पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव गिरफ्तार, सीजेएम के समक्ष पेशी के बाद बेऊर जेल भेजने की तैयारी.

राबड़ी देवी भड़कीं, बोलीं- लोकतंत्र पर हमला, छात्रों और विपक्ष की आवाज दबा रही सरकार.

फुलवारी शरीफ, अजीत। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के वरिष्ठ नेता, पूर्व मंत्री एवं बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बड़े पुत्र तेज प्रताप यादव को छात्र आंदोलन के दौरान पुलिस ने हिरासत में लेने के बाद गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद उन्हें नौबतपुर थाना ले जाया गया, जहां कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद पुलिस कड़ी सुरक्षा के बीच मरीन ड्राइव के रास्ते उन्हें पटना के छज्जूबाग स्थित मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (सीजेएम) के आवास पर लेकर पहुंची। न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें बेऊर केंद्रीय कारा भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी गई।

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बताया जा रहा है कि हाल के दिनों में छात्रों के समर्थन में हुए प्रदर्शन और कानून-व्यवस्था से जुड़े घटनाक्रम के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की। हालांकि, पुलिस की ओर से अभी तक आधिकारिक रूप से यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि तेज प्रताप यादव के खिलाफ किन धाराओं में मामला दर्ज किया गया है और गिरफ्तारी का सटीक आधार क्या है।

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तेज प्रताप यादव की गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी नौबतपुर थाना पहुंचीं। वहां उन्होंने तेज प्रताप यादव के वकील से बातचीत की और बाद में सरकार पर जमकर हमला बोला। राबड़ी देवी ने कहा कि केंद्र सरकार कई आंदोलनों से जुड़े मामलों को वापस लेने की बात करती है, जबकि बिहार में छात्रों और विपक्षी नेताओं पर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने इसे लोकतंत्र पर सीधा हमला बताते हुए कहा कि सरकार विरोध की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है।

तेज प्रताप यादव को सीजेएम के समक्ष पेश किए जाने के दौरान न्यायालय परिसर और आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। दूसरी ओर, राजद कार्यकर्ताओं में गिरफ्तारी को लेकर नाराजगी देखी गई। पार्टी नेताओं ने इस कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध करार देते हुए सरकार की आलोचना की।

फिलहाल न्यायालय की प्रक्रिया पूरी होने के बाद तेज प्रताप यादव को न्यायिक हिरासत में बेऊर केंद्रीय कारा भेजने की कार्रवाई जारी है। मामले को लेकर पुलिस और प्रशासन की ओर से विस्तृत आधिकारिक बयान का इंतजार है।

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