फुलवारी खगौल सीमा पर पटना सिटी के कुख्यात अपराधी मैनेजर राय के साथ पुलिस की मुठभेड़
एसटीएफ –खगौल पुलिस की जवाबी कार्रवाई में पैर में लगी गोली, मैनेजर राय गिरफ्तार.
फुलवारी शरीफ.
पटना में फुलवारी शरीफ और खगौल थाना की सीमा पर स्थित खगौल लख के पास पटना सिटी के कुख्यात अपराधी मैनेजर राय के साथ पुलिस की मुठभेड़ हो गई.
घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई, थोड़ी देर बाद लोगों को पता चला कि यहां पटना सिटी के दीदारगंज का रहने वाला कुख्यात बदमाश मैनेजर राय को एसटीएफ और खगौल थाना के पुलिस ने गोली मारकर गिरफ्तार कर लिया है .घायल अवस्था में अपराधी मैनेजर राय को पटना एम्स में भर्ती कराया गया है इसके बाद इलाके में लोगों ने राहत की सांस ली. मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल से एक देसी कट्टा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं. सिटी एसपी पश्चिमी भानु प्रताप सिंह मौके पर पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की समीक्षा की. खगौल लख के पास हुई इस मुठभेड़ में दोनों ओर से करीब छह राउंड फायरिंग हुई. एम्स पटना में डॉक्टरों ने उसकी हालत खतरे से बाहर बताई है. हालांकि मुठभेड़ की खबर फैलते ही खगौल और आसपास के इलाकों में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया था .एहतियातन लोगों ने घरों के दरवाजे बंद कर लिए. पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात कर इलाके की घेराबंदी की ।

मौके पर पटना के सीनियर एसपी कार्तिकेय शर्मा सिटी एसपी डीएसपी समेत भारी संख्या पुलिस ऑफिसर को बुलाया गया. एफ एस एल की टीम को बुलाकर वहां साक्षय एकत्रित कराया गया.मैनेजर राय लंबे समय से पटना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था. उस पर हत्या, रंगदारी, लूट, हत्या की कोशिश और अवैध हथियार रखने सहित करीब 20 संगीन मामले दर्ज हैं. कई मामलों में वह वांटेड चल रहा था और उस पर इनाम भी घोषित था.
पटना के सीनियर एसपी कार्तिकेय शर्मा के मुताबिक शुक्रवार सुबह पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि वह खगौल इलाके में मौजूद है. सूचना के आधार पर एसटीएफ और खगौल थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से घेराबंदी कर चेकिंग अभियान शुरू किया.
चेकिंग के दौरान पुलिस को देखते ही मैनेजर राय स्कूटी छोड़कर भागने लगा और पुलिस पर फायरिंग कर दी. पुलिस के अनुसार, उसने दो राउंड गोलियां चलाईं. इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक गोली उसके पैर में लगी और वह गिर पड़ा. घायल अपराधी की पहचान दीदारगंज निवासी मैनेजर राय के रूप में की गई है.
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मैनेजर राय वर्ष 2022 में खगौल थाना क्षेत्र में हुए डॉ. मो. अनवर आलम हत्याकांड में भी शामिल रहा है. इसके अलावा उस पर कई थानों में गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं. बताया जाता है कि उसने बिहार के पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय के दामाद से रंगदारी की मांग की थी, जिसके बाद उसका नाम खासा सुर्खियों में आया था.
वहीं, पुलिस ने आसपास के इलाकों में सर्च ऑपरेशन चलाकर यह सुनिश्चित किया कि अपराधी का कोई सहयोगी मौके के आसपास मौजूद न हो.
पुलिस अब गिरफ्तार अपराधी के आपराधिक नेटवर्क, सहयोगियों और फरार साथियों के संबंध में पूछताछ की तैयारी कर रही है.



