कैंसर इलाज की नई दिशा तय करने पटना में जुटे देश के दिग्गज विशेषज्ञ
‘एमसीएस ऑनको अपडेट–2026’ में आधुनिक चिकित्सा पर गहन मंथन
समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े मरीज तक भी विश्वस्तरीय कैंसर उपचार की सुविधा पहुंचना हमारा लक्ष्य: सायन कुणाल
फुलवारीशरीफ ::
कैंसर उपचार की नवीनतम तकनीकों, शोध आधारित चिकित्सा पद्धतियों और आधुनिक इलाज विकल्पों को साझा करने के उद्देश्य से महावीर कैंसर संस्थान, पटना में “एमसीएस ऑनको अपडेट–2026” के तहत एक दिवसीय वैज्ञानिक सत्र एवं सतत चिकित्सकीय शिक्षा कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस राष्ट्रीय स्तर की संगोष्ठी में दिल्ली, बेंगलुरु और पटना सहित देश के विभिन्न हिस्सों से आए सैकड़ों कैंसर विशेषज्ञ चिकित्सकों ने सहभागिता की.
कार्यक्रम का आयोजन महावीर कैंसर संस्थान के सेमिनार हॉल, छठे तल्ले, फुलवारीशरीफ में किया गया. उद्घाटन महावीर मंदिर न्यास समिति के सचिव सायन कुणाल द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया. उन्होंने कहा कि संस्थान का लक्ष्य है कि समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े मरीज तक भी विश्वस्तरीय कैंसर उपचार की सुविधा पहुंचे. इसके लिए महावीर कैंसर संस्थान निरंतर अत्याधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ सेवाओं को सुदृढ़ कर रहा है.
संस्थान की चिकित्सा निदेशक एवं मेडिकल ऑन्कोलॉजी विभागाध्यक्ष मनीषा सिंह ने स्वागत संबोधन में कहा कि कैंसर चिकित्सा का क्षेत्र तेजी से विकसित हो रहा है. ऐसे में चिकित्सकों का निरंतर अद्यतन रहना अत्यंत आवश्यक है. इसी उद्देश्य से संस्थान समय-समय पर वैज्ञानिक संगोष्ठियों और सीएमई कार्यक्रमों का आयोजन करता है, ताकि मरीजों को बेहतर, सटीक और प्रभावी इलाज उपलब्ध कराया जा सके.
संस्थान के चिकित्सा अधीक्षक एवं सह निदेशक एल. बी. सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन में कहा कि इस प्रकार के शैक्षणिक आयोजनों से चिकित्सकों को नवीनतम शोध और उपचार विधियों की जानकारी मिलती है, जिसका सीधा लाभ कैंसर पीड़ित मरीजों को होता है. उन्होंने बताया कि महावीर कैंसर संस्थान में एनजीएस प्रयोगशाला जैसी अत्याधुनिक जांच सुविधा उपलब्ध है और भविष्य में इलाज से जुड़ी और भी उन्नत सुविधाएं विकसित की जा रही हैं.
वैज्ञानिक सत्रों के दौरान देश के प्रख्यात कैंसर विशेषज्ञों ने अपने अनुभव और शोध साझा किए. बेंगलुरु से आए के. गोविंद बाबू ने गैर-स्मॉल सेल फेफड़े के कैंसर में इम्यूनोथेरेपी की उभरती भूमिका पर विस्तृत प्रस्तुति दी. दिल्ली से आई सोनल जैन ने गैर-रक्त संबंधी कैंसर में फ्लो साइटोमेट्री के अनुप्रयोग पर प्रकाश डाला. पटना के मुकुंद प्रसाद ने मस्तिष्क ट्यूमर के इलाज में हालिया प्रगति की जानकारी दी. वहीं अमिता महाजन ने बाल कैंसर के क्षेत्र में मौजूद चुनौतियों और नवीन उपचार विकल्पों पर विस्तार से चर्चा की.
इसके अतिरिक्त गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर में न्यूनतम इनवेसिव उपचार पद्धति, पित्त मार्ग के कैंसर के प्रबंधन, लक्षित इम्यूनोथेरेपी तथा सिर और गर्दन के उन्नत स्क्वैमस सेल कार्सिनोमा के इलाज की रणनीतियों पर भी गहन विचार-विमर्श किया गया.
इस सीएमई कार्यक्रम में एम्स पटना, पीएमसीएच, आईजीआईएमएस, एनएमसीएच, मेदान्ता, पारस, सवेरा सहित कई प्रतिष्ठित अस्पतालों और चिकित्सा संस्थानों के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने सक्रिय भागीदारी की. बड़ी संख्या में चिकित्सकों, शोधार्थियों और मेडिकल प्रोफेशनल्स की मौजूदगी ने कार्यक्रम को अत्यंत सफल और ज्ञानवर्धक बना दिया.



